Monday, December 5, 2022

2-40 अत्रि आश्रम सतना मध्य प्रदेश


यहां श्रीराम, मां सीता, अत्रि मुनि तथा मां अनसूया की अद्भुत भेंट हुई थी। माँ अनसूया की तपस्या से माँ गंगा मंदाकिनी के रूप में 100 धाराओं में यहाँ प्रकट हुई थी। आज भी यह दृश्य देखा जा सकता है।

वा.रा. 2/117, 118, 119 पूरे अध्याय, मानस 3/2/2, से 3/6/1

अत्रि आश्रम से अमरावती आश्रमः-  यहाँ जाने के तीन मार्ग है पहला पैदल पहाड़ी पार कर जाना होता है। यह भयंकर मार्ग है श्री राम इसी मार्ग से गये थे दूसरा मार्ग चित्रकूट-करवी-मानिकपुर -टिकरिया-अमरावती लगभग 50 कि. मी पड़ता है वाहन इस मार्ग से भी जा सकते है। तीसरा मार्ग कोटि तीर्थ से होकर जाता है। जो इस प्रकार है-मोंगर – कोठार – रामनगर- पिंडर-मनगंवा-टिकरिया-जमुनिहाई। एम.पी.एस.एच.-11 से 40 किमी। इससे भी वाहन जा सकते है। यह मार्ग ठीक रहता है।

Sharing is caring!

Leave a Reply

Your email address will not be published.